लखनऊ/मुरादाबाद: उत्तर प्रदेश आतंकवाद निरोधक दस्ते (UP ATS) ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए प्रतिबंधित आतंकी संगठन ISIS के ऑनलाइन मॉड्यूल से जुड़े एक सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान 19 वर्षीय हारिश अली के रूप में हुई है, जो मूल रूप से सहारनपुर के मोहल्ला मानक मऊ का निवासी है और वर्तमान में मुरादाबाद में BDS द्वितीय वर्ष की पढ़ाई कर रहा था।
सोशल मीडिया पर ‘खिलाफत’ का जाल
एटीएस को विश्वसनीय सूत्रों से सूचना मिली थी कि भारत के विभिन्न राज्यों में कुछ लोग ISIS की ‘जिहादी विचारधारा’ और ‘शरिया आधारित खिलाफत’ व्यवस्था स्थापित करने के उद्देश्य से सक्रिय हैं। जांच में सामने आया कि हारिश अली इंस्टाग्राम, सेशन (Session) और डिस्कॉर्ड (Discord) जैसे एन्क्रिप्टेड ऐप्स पर फर्जी नामों से ग्रुप बनाकर युवाओं को जोड़ रहा था। वह इन प्लेटफॉर्म्स पर VPN का प्रयोग करता था ताकि उसकी पहचान गुप्त रह सके।
अपना मीडिया फाउंडेशन और विदेशी कनेक्शन
चौंकाने वाली बात यह है कि हारिश ने आतंकी मंसूबों को मजबूती देने के लिए “अल इत्तिहाद मीडिया फाउंडेशन” नाम से अपना एक पृथक ग्रुप बनाया था। वह ISIS के आधिकारिक मीडिया चैनल ‘अल-नाबा’ और प्रोपेगेंडा मैगजीन ‘दबिक’ का अनुसरण करता था। वह न केवल भारत में बल्कि पाकिस्तान और अन्य देशों में बैठे ISIS हैंडलरों के सीधे संपर्क में था।
फिदायीन हमले के लिए उकसाने की साजिश
पूछताछ के दौरान हारिश ने स्वीकार किया कि वह लोकतांत्रिक व्यवस्था को नहीं मानता और जंग-ए-जिहाद के जरिए शरिया कानून लागू करना चाहता था। वह अपने ग्रुप्स में आतंकियों के वीडियो और ऑडियो साझा कर लोगों को फिदायीन हमले करने के लिए प्रेरित कर रहा था।
कानूनी कार्रवाई
एटीएस ने हारिश के खिलाफ लखनऊ थाने में मु.अ.सं. 01/2026 के तहत UAPA Act की धारा 18, 18B, 38 और BNS की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। आरोपी को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर दिया गया है। एटीएस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी है ताकि इस आतंकी चैन को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सके।